जानिए Google Amp kya hai और Google Amp setup kaise kare ? Google Amp के फ़ायदे और नुकसान ?

क्या आप भी जानना चाहते हैं कि Google Amp kya hai या amp kya hota hai? क्या आप भी अपनी website और blog की speed को fast करना चाहते हैं? क्या आप भी जानना चाहते हैं कि google amp setup kaise kare ?

तो आप बिलकुल सही जगह आए हैं।

आजकल ज़्यादातर लोग अपने mobile से ही internet का इस्तेमाल कर रहे है | लेकिन जब भी वो कोई website अपने mobile में खोलने की कोशिश करते तो वह बहुत slowly load होती | इससे users को उनके मन मुताबिक results नहीं मिल रहे थे , इसलिए Google ने Google Amp को पेश किया |

नमस्कार दोस्तों, Blogseva.com पर आपका स्वागत है और आज मैं आपको बताऊँगा की Google Amp kya hai in hindi और Google Amp kaise setup kare | इसके साथ मै आपको Google Amp इस्तेमाल करने के फ़ायदे और नुक़सान के बारे में भी बताऊँगा ।

Google amp के बारे में पूरी जानकारी लेने के लिए इस article को अंत तक पढ़ें।सबसे पहले full form of Google Amp जानते हैं।


Google Amp full form क्या है ?

Google Amp का fullform है :- Google Accelerated Mobile Pages|


Google Amp kya hai? Google Amp क्या है?

Google Amp kya hai

Google Amp का fullform है Google Accelerated Mobile Pages।

Google शुरू से ही users के हित में काम करता आया है। यह regularly updates निकालता रहता है ताकि लोगों के experience को अच्छा बना सके।

आज की दुनिया में phone की usage दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है क्योंकि यह portable है और computer से सस्ता भी है। तकरीबन 60%-75% websites और blogs का traffic mobile phones से ही आता है और यह आँकड़े अगले 5 साल में 90% तक पहुँचने वाले हैं।

लेकिन इतने अच्छे आँकड़ों के बावजूद Google ने देखा कि लोग results से satisfied नहीं है क्योंकि mobile पर webpages slow load हो रहे थे और content load होने में बहुत समय लग रहा था इसलिए Google ने  2015 में Google Amp launch किया। 

Google amp का एक और मकसद यह भी था कि वह अपने प्रतिद्वंद्वी, Facebook और Apple की fast loading को मात दे सके।

इस update के बाद mobile पर webpages faster load होने लगे और Google को लगा की उन्होंने अपना काम बख़ूबी किया है पर आज भी कई लोग इसका इस्तेमाल नहीं करते और इसका reason मैं आपको आगे बताऊँगा।


Google amp ko kaise identify kare? Google amp को कैसे पहचानें?

अब हम आपको बताएँगे की आप कैसे पता लगा सकते है की कौन सी websites Google Amp का इस्तेमाल कर रही है या नहीं | Google amp के webpages दिखने में आम pages के ही सामान हैं पर आप इन icons को देखकर एक amp article को पहचान सकते हैं-

URL

Google Amp kya hai

आप इस picture में देख सकते हैं कि इस webpage के url की शुरआत में amp लिखा हुआ है, जिसका मतलब यह page Google Amp powered है।

Google results

Google Amp kya hai

जब मैंने इस article को खोला, उससे पहले google search result में आप इसके साथ Amp का चिन्ह देख सकते हैं, जो electric current या lightening जैसा दिखता है।

Google Amp setup kaise kare? Google Amp setup कैसे करें?

Google Amp setup kaise kare

Web developers और coders के लिए इसे setup करना आसान होगा क्योंकि उन्हें इसकी technical knowledge होगी पर नए bloggers और business men के लिए इसे setup करना मुश्किल साबित हो सकता है।

इसलिए मैं यह दो तरीके लाया हूँ जिनका प्रयोग कर आप amp setup कर सकते हैं।

Coding

Coding कर आप सीधा ही amp create कर सकते हैं। अगर आपको html, css और javascript की जानकारी है तो आप बड़े आराम से coding कर सकते हैं।

पर जैसे कि मैंने ऊपर बताया कि यह अधिकतर लोगों के लिए मुश्किल होगा , इसलिए आप दूसरा method use कर सकते हैं।

Using content management system

यदि आप अपने content को content management system (CMS) के माध्यम से संभालते हैं, तो आप AMP content बनाने के लिए CMS plugin (जैसे WordPress, Drupal, या Joomla) का इस्तेमाल कर सकते हैं या अपने CMS में custom function को चला सकते हैं।

1 .WordPress

अगर आप wordpress का इस्तेमाल करते हैं तो आप wp plugin के द्वारा amp setup कर सकते हैं और अपने content को amp content में बदल सकते हैं।

इसमें amp को set करना बहुत ही आसान है, आप सिर्फ एक button की मदद से amp चला सकते हैं।

2 .Drupal

Drupal में amp setup करने के लिए आपको Drupal amp module की ज़रूरत पड़ेगी।

3 .Joomla

Joomla में amp की शुरआत करने के लिए आप wbAmp को use कर सकते हैं।


Google Amp kaise kaam karta hai? Google Amp कैसे काम करता है?

Google Amp में Html, Java Script और cache libraries का इस्तेमाल हुआ है। इनके द्वारा यह webpage में ज़्यादा समय लेने वाले extra code को ignore करता है और उसके इलावा user friendly rich content जैसे pdf, video, audio, text आदि को show करता है जो user को चाहिए।

 इन accelerated mobile pages की मदद से widgets जैसी चीजें हटा दी जाती हैं और Standard page में load होने वाला main content ही दिखाया जाता है।

यह एक webpage को light weight बना देता है ताकि वह जल्दी खुल पाए और उसे 85% तक accelerate कर देता है। 

यह एक open source project है इसका मतलब इसे कोई भी इस्तेमाल कर सकता है और अपनी site की speed को बढ़ा सकता है।

Google Amp को तीन parts में बांटा गया है-

AMP HTML

यह simply Html 5 का code है। यह page के html code को amp version के हिसाब से light बना देता है।इसकी वजह से page जल्दी load होता है।

AMP Cache

Google Amp site की cache speed बढ़ाने में बहुत मदद करता है क्योंकि आप जब भी किसी site पर visit  करते हैं तो आपका data, cache के रूप में save हो जाता है और आप जब भी उस site पर दोबारा जाते हैं तो वह आपका पुराना data पहले से preload कर देता है जिससे बार- बार data load करने की ज़रूरत नहीं पड़ती।

AMP JavaSript

ज्यादा JavaScript code से site धीरे हो सकती है इसलिए Google Amp JavaScript को भी manage करता है और website की performance को बढ़ाता है।


Google Amp इस्तेमाल करने के फायदे क्या है ?

Google Amp के product manager के अनुसार एक Amp website average 0.7s में load होती है और non- Amp website average 22s लेती है, या उतना समय जितने में एक इंसान back दबाकर कभी site पर वापिस न आए।

अब जानते है Google Amp को इस्तेमाल करने के फ़ायदे :-

Loading time

Amp की मदद से loading time काफी कम हो जाता है और speed बहुत ज़्यादा बढ़ जाती है। यही amp का मुख्य फ़ायदा है।

Server performance

Mobile traffic ज़्यादा होने की वजह से server पर कम stress पड़ता है और server performance बढ़ जाती है।

Less bounce rate

जब speed बढ़ जाती है तो लोग site को जल्दी छोड़ कर नहीं जाते और अगर आपने site attractive बनाई हो, तब तो सोने पे सुहागा है । Speed कम होने की वजह से usually लोग site को छोड़कर चले जाते हैं, जिससे bounce rate बढ़ जाता है |

Also Read :- Bounce rate क्या होता है? BounceRate क्यों बढ़ जाता है और BounceRate कम कैसे करें ?

High rank

हर blogger का सपना होता है कि उसका article first position पर rank करें और amp की वजह से यह possible है क्योंकि जब bounce rate कम होगा तो automatically site की ranking ऊपर चली जाती है। 

क्योंकि Google के ranking factors के अनुसार site का bounce rate ,ranking में बहुत ज़्यादा महत्व रखता है।

High traffic

जब high position पर article rank होगा तो आने वाला ज़्यादा traffic आपके article पर ही आएगा और high traffic की वजह से आप blog से अच्छी income generate कर पाएँगे।

Also Read :- Blog से पैसे कैसे कमाएँ| Blog se paise kaise kamaye in hindi | ब्लॉग से कमाई कैसे करें ?

साथ में आपके webpage का PA(Page authority) बढ़ेगा जिसकी बदौलत आप अपने less rank वाले articles को internal linking के ज़रिए high rank करवा सकते हैं।

Data save

Amp की वजह से data भी बहुत बचता है क्योंकि webpage को दोबारा नए resources load नहीं करने पड़ते।

यह पुराने resources जो cache के रूप में saved होते हैं उसे load करता है जिससे data की बहुत बचत होती है और website जल्दी load हो जाती है |


Google Amp इस्तेमाल करने के क्या नुकसान है ?

जहाँ एक तरफ Google Amp के बहुत से फायदे हैं, वहीं दूसरी ओर इसके कुछ नुकसान भी हैं।इसी कारण बहुत सारे लोग इसका इस्तेमाल नहीं करते है ।

यह कारण हैं-

No followers

अगर आप एक blogger हैं तो आपको पता ही होगा की लोग , हमारे emails को subscribe कर सकते हैं , हमारे articles को दुसरे लोगो के साथ share कर सकते है, आदि।

लेकिन amp की वजह से social share buttons, popups, sidebars, email subscribe button आदि नहीं show होते।

Quality compromised

जल्दी page load करने की वजह से page की quality खराब हो जाती है। Pictures और videos की quality compromise होती है। Main content सबसे पहले show होता है इसलिए वह जल्दी दिखता है और बाकी चीजें धीरे load होती रहती हैं।

Less money

Main content की fast loading की वजह से ads धीरे load होती हैं और लोग जब उनसे गुज़र कर जाते हैं, वह तब भी load हो रही होती हैं जिस कारण ads से पैसे कमाना मुश्किल साबित होता है।

वैसे तो Google का obective ads से पैसे कम करना नहीं बल्कि उसे बढ़ाना था, पर ads की ज़्यादा loading time को देखते हुए उन्होनें future में improvement का वादा किया है।

Difficult to apply

Amp google का product है इसलिए इसे इस्तेमाल करते हुए Google की guidelines पर ध्यान देना पड़ता है।साथ ही साथ यह बाकी tools जैसे yoast seo के साथ conflict करता है इसलिए इसे maintain करना मुश्किल है। 

No control

Normally आप अपना article publish करते हैं तो वह webserver में store हो जाता है पर Amp हमारे और server के बीच में एक बाधा बन जाता है। इसलिए कई लोगों का मानना है कि यह हमारे data को control कर सकता है।


निष्कर्ष (Conclusion)

मैं उम्मीद करता हूँ दोस्तों कि आपको समझ आ गया होगा कि Google amp kya hai, AMP इस्तेमाल करने के फ़ायदे और नुक़सान क्या है ? और Google amp setup kaise kare।

मैंने आपको इसके बारे में ज़रूरी जानकारी दे दी है और आपको AMP के फायदे और नुक्सान के बारे में बता दिया हैं। अब यह पूरी तरह से आप पर निर्भर करता है कि आप Google Amp का इस्तेमाल करते है या नहीं ।

अगर आपको यह article पसंद आया तो इसे ज़रूर share कीजिए। अगर आपका कोई दोस्त या सहकर्मी जिनका article या site की loading speed तेज़ करनी है तो आप उन्हें भी यह भेज सकते हैं। 

यह पढ़कर आपका क्या अनुभव था इसे हमारे साथ नीचे comment box में ज़रूर share कीजिए और अगर आपका कोई भी सवाल है तो आप निःसंदेह हमसे पूछ सकते हैं।

धन्यवाद…..।

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